ShubhHaiKya.com

सगाई27 अग॰ 2117

2117-08-27

← सगाई मुहूर्त हब

9
अशुभ

27 अग॰ 2117 सगाई करने के लिए अनुकूल नहीं माना जाता।

आज सगाई समारोह की सलाह नहीं दी जाती। अधिक शुभ तिथि बेहतर नींव रखेगी।

अगला बेहतर दिन

29 अग॰ 211797/100 · उत्तम

आज Ideal नहीं — इस तारीख पर क्लिक करें

आज का पंचांग विश्लेषण

27 अग॰ 2117 सगाई के लिए स्कोर 9/100 है — पंचांग के अनुसार दिन अनुकूल नहीं माना जाता है। आज (शुक्रवार) तिथि Purnima (Krishna पक्ष) है, नक्षत्र Ashlesha, योग Parigha, और करण Chatushpada। ये तत्व मिलकर सगाई करने के निर्णय को आकार देते हैं।

सकारात्मक संकेत: Favorable day of the week. सावधानी के बिंदु: Unfavorable lunar day (Purnima); Challenging nakshatra (Ashlesha). राहु काल 10:30 AM से 12:00 PM तक सक्रिय है — इस खिड़की में दस्तावेज़ या अंतिम निर्णय टालें। अभिजित मुहूर्त 11:36 AM–12:24 PM को सबसे स्थिर समय माना जाता है।

यदि आप इंतज़ार कर सकते हैं, तो अगला बेहतर दिन 29 अग॰ 2117 है (स्कोर 97/100, Excellent)। कई परिवार Neutral/Avoid दिन पर तैयारी करते हैं और शुभ तिथि पर अंतिम कदम पूरा करते हैं।

सकारात्मक कारक

  • शुभ वार

नकारात्मक कारक

  • अशुभ तिथि (Purnima)
  • चुनौतीपूर्ण नक्षत्र (Ashlesha)
  • चुनौतीपूर्ण योग (Parigha yoga)
  • चुनौतीपूर्ण करण (Chatushpada)
  • राहु काल सक्रिय 10:30 AM – 12:00 PM

अगली अच्छी तारीखें

संबंधित गतिविधियाँ

शेयर करें

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या 27 अग॰ 2117 सगाई करने के लिए अच्छा दिन है?
स्कोर: 9/100 — Avoid. Favorable day of the week
27 अग॰ 2117 सगाई करने के लिए सबसे अच्छा समय क्या है?
अभिजित मुहूर्त (11:36 AM – 12:24 PM) सबसे शुभ माना जाता है। राहु काल (10:30 AM – 12:00 PM) से बचें।
27 अग॰ 2117 सगाई करने के लिए नकारात्मक कारक क्या हैं?
Unfavorable lunar day (Purnima). Challenging nakshatra (Ashlesha). Challenging energy period (Parigha yoga). Challenging lunar phase (Chatushpada). Rahu Kaal active 10:30 AM – 12:00 PM.
सगाई करने के लिए अगला अच्छा दिन कब है?
29 अग॰ 2117 का स्कोर 97/100 (Excellent) है।
पंचांग विवरण
तिथि: Purnima (Krishna)
नक्षत्र: Ashlesha
योग: Parigha
करण: Chatushpada
राहु काल: 10:30 AM12:00 PM
अभिजित: 11:36 AM12:24 PM
सगाई 27 अग॰ 2117 — शुभ मुहूर्त | ShubhHaiKya | ShubhHaiKya.com